आगरा। ताजमहल पर पर्यटकों की भीड़ दोपहर बाद बढ़ने पर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने दो टिकट काउंटर उन पर्यटकों के लिए खोल दिए, जिन्हें ऑनलाइन टिकट बुक करने में परेशानी आ रही थी। ताजमहल के पूर्वी और पश्चिमी गेट पर एक एक टिकट काउंटर खोला गया।
ताज पर कुल 23,564 सैलानी शनिवार को पहुंचे, जिसमें से 19,218 ने ऑनलाइन और 4346 पर्यटकों ने टिकट काउंटर से टिकट खरीदा। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण एक दिसंबर से आगरा किला, फतेहपुर सीकरी, एत्माद्दौला, सिकंदरा, महताब बाग, रामबाग और मरियम का मकबरा स्मारक में एक एक टिकट काउंटर खोलने जा रहा है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के अधीक्षण पुरातत्वविद डॉ. राजकुमार पटेल ने बताया कि शनिवार को ताजमहल पर दोपहर बाद पर्यटकों की भीड़ ज्यादा थी और कई पर्यटक ऐसे हैं, जो ऑनलाइन टिकट बुक करना नहीं जानते। इसलिए उनकी सुविधा के लिए स्मारकों पर टिकट काउंटर खोलने का सिलसिला शुरू कर रहे हैं।
शनिवार को ताजमहल पर नई व्यवस्था शुरू कर दी गई है । एक दिसंबर से अन्य स्मारकों पर भी काउंटर से टिकट मिलने लगेंगे। वहीं, ताजमहल के मुख्य गुंबद पर लंबे समय के बाद मुख्य गुंबद के प्रवेश टिकट के लिए लंबी कतार लगी रही। चमेली फर्श पर पर्यटक ताज का 200 रुपये का अतिरिक्त टिकट खरीदने के लिए कतार में लगे रहे। उधर ताजमहल पर दोपहर 12 बजे के बाद पर्यटकों की भीड़ रही। इससे पूर्वी गेट पर गोल्फ कार्ट की मारामारी मची रही।
शिल्पग्राम पार्किंग से ताज तक जब लोगों को गोल्फ कार्ट नहीं मिली तो वह पैदल ही चल दिए। प्रवेश के लिए लंबी कतार और 800 मीटर तक पैदल चलने से थककर परेशान हुए पर्यटकों को लौटते में भी गोल्फ कार्ट के लिए 30 मिनट तक का इंतजार करना पड़ा। गोल्फ कार्ट आते ही पर्यटकों के बीच उसमें बैठने की जल्दी मचती रही। ताजमहल देखने आईं उज्जैन की सरिता सक्सेना ने बताया कि परिवार के 8 लोग साथ में हैं, जो ताज से पार्किंग तक पैदल नहीं चल सकते। गोल्फ कार्ट का इंतजार किया, पर पूरे आधे घंटे इंतजार के बाद मिल पाई। गोल्फ कार्ट की संख्या बढ़ाई जानी चाहिए।
