- .दुल्हन की तरह से सजाई गई सिसौली
- . पत्नी बोली आज मेरे राम लौटे हैं
मुजफ्फरनगर। तीन कृषि कानूनों के विरोध में गाजीपुर बॉर्डर पर 383 दिन तक चले आंदोलन के समाप्त होने पर जब राकेश टिकैत घर लौटे तो उनका भव्य स्वागत किया गया। उनके गांव सिसौली को दुल्हन की तरह से सजाया गया था। जगह जगह टिकैत के काफिले पर फूल बरसाए गए। टिकैत की इस विजय यात्रा का लोगों ने उत्साह के साथ स्वागत किया। इस मौके पर टिकैत ने कहा कि उनका आंदोलन समाप्त नहीं हुआ है बल्कि स्थगित हुआ है।

बुधवार सुबह शुरू हुई इस विजय यात्रा का खतौली और मंसूरपुर में भव्य स्वागत हुआ। शाहपुर में राकेश टिकैत ने पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय चौधरी चरण सिंह की प्रतिमा पर फूलमालाएं चढ़ाईं। इसके बाद रणसिंघा और डीजे की धुन पर किसान खूब थिरके। सोरम में भाकियू अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत, गठवाला खाप के थांबेदार श्याम सिंह, लाटियान खाप के चौधरी वीरेंद्र सिंह और देशवाल खाप के चौधरी राजेंद्र सिंह मौजूद रहे। चौधरी राकेश टिकैत सोरम से अन्य खाप चौधरियों के साथ हड़ौली पहुंचे और यहां पर भाकियू अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत के जन्मदिन पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए।
यहां से वह देर रात सिसौली के लिए रवाना हुए। जैसे ही किसानों का काफिला सिसौली पहुंचा तो लोगों ने जोरदार स्वागत किया। किसान भवन पर विजय यात्रा में शामिल किसानों को अभिनंदन किया गया। हजारों लोग किसान भवन और भाकियू अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत के पट्टी चौधरान स्थित आवास पर जमा रहे।

घर पहुंचे टिकैत, बहन ने किया तिलक
भाकियू प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत देर रात करीब एक बजे सिसौली की पट्टी चौधरान स्थित अपने आवास पर पहुंचे। सैकड़ों किसानों की मौजूदगी में जब वह परिवार से मिले तो भावुक हो गए। परिवार की महिलाएं भी भावुक हुई। बड़ी बहन ओमबीरी ने तिलक किया। इससे पहले राकेश टिकैत किसान भवन पहुंचे और अपने पिता चौधरी महेंद्र सिंह टिकैत को श्रद्धांजलि अर्पित की।

टिकैत की पत्नी बोली आज मेरे राम लौटे हैं
राकेश टिकैत की पत्नी सुनीता तैयारियों में मगन हैं। वह दीये में तेल डालकर उन्हें सजा रही हैं। उन्होंने कहा कि मेरे पति आज पूरे 383 दिन बाद घर आ रहे हैं। उनके स्वागत में जितने दीपक जलाऊं कम है। 383 क्या पूरे 500.600 से ज्यादा दीप जलाऊंगी। जैसे भगवान श्रीराम अयोध्या वापस आए थेए वैसे मेरे राम आज घर आ रहे हैं। दरअसलए सिसौली में राकेश टिकैत के घर पर 3 दिनों से उनके स्वागत की तैयारी हो रही है।
